Editor’s Pick

नई विश्व-व्यवस्था की दस्तक या शक्ति-संतुलन की नई कवायद

नई दिल्ली में 12-13 सितंबर को जुटा ब्रिक्स सिर्फ एक शिखर सम्मेलन नहीं था। यह बदलती हुई दुनिया का एक…

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चुनावी बयार में सामाजिक सौहार्द की परीक्षा

हल्द्वानी का रामलीला मैदान अब सिर्फ एक राजनीतिक विवाद का स्थल नहीं, 2027 के चुनाव से पहले उत्तराखंड की सामाजिक…

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हिमालय की चेतावनी को कब तक अनसुना करेंगे?

हिमालय बार-बार चेतावनी दे रहा है। कभी पहाड़ दरकते हैं, कभी नदियां अपने रास्ते बदल देती हैं, कभी बादल कुछ…

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Latest Editor's Pick News

मिठास के पीछे छिपे बाजार के सवाल

देश की सुबह अवसर एक कप चाय से शुरू होती है और…

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विकास की दौड़ में सुरक्षा का सवाल

पीपलकोटी टनल हादसे ने एक बार फिर उस मूल सवाल को सामने…

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नशे के खिलाफ निर्णायक जंग की आवश्यकता

नशे के खिलाफ निर्णायक जंग की आवश्यकता देश का भविष्य युवाओं के…

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आंदोलन की मर्यादा और लोकतंत्र की गरिमा का प्रश्न

आंदोलन की मर्यादा और लोकतंत्र की गरिमा का प्रश्न लोकतंत्र में विरोध…

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युवाओं के भरोसे की हत्या

  देश में प्रतियोगी परीक्षाएं केवल रोजगार या उच्च शिक्षा का माध्यम…

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वायदों का मौसम लौट आया

उत्तराखंड की राजनीति में अभी विधानसभा चुनावों की औपचारिक घोषणा भले दूर…

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चढ़ावे की चौखट पर उठते सवाल

किसी भी सभ्यता की सबसे बड़ी ताकत उसके मंदिर, मस्जिद, गुरुद्वारे या…

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सजगता ही सबसे बड़ी सुरक्षा

समाज के सामने आने वाले खतरे हमेशा एक जैसे नहीं होते। कुछ…

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संपादकीय निर्णय, विकास और भरोसे की राजनीति

उत्तराखंड जैसे पर्वतीय राज्य में शासन चलाना केवल प्रशासनिक जिम्मेदारी नहीं, बल्कि…

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